महिलाओं का आत्म सम्मान और धरोहर हो गया दूसरे स्कूल में शिफ्ट*
*महिलाओं का आत्म सम्मान और धरोहर हो गया दूसरे स्कूल में शिफ्ट?*
*नगर अध्यक्ष ने कहा एशा नही होने देंगे चाहे जों करना पड़े*
*इस फैसला से पालकगण और फिंगेश्वर नागरिकों मे आक्रोश*
फिंगेश्वर_
नगर पंचयात फिंगेश्वर मे
स्कूल क़ो मर्ज करने के फैसला जन आक्रोश का कारण बनता जा रहा हैं मामला यह है कि शासकीय कन्या शाला फिंगेश्वर को लड़का स्कूल टी.डी.एस. उच्च. हायर. स्कूल में मर्ज कर दिया गया है मामला जब मालूम हुआ जब शाला स्कूल प्रबंधन समिति द्वारा बैठक आहूत कर पालक गण और जनप्रतिनिधि क़ो स्कूल प्राचार्य द्वारा जानकारी दी गईं इस विषय पर शाला समिति कि अध्यक्ष श्रीमती संतोषी श्रीवास्तव ने कहा कि यह फैसला गलत हैं नियमावली के अनुसार में जो स्कूल में संख्या कम है उनको ही एक दूसरे में मर्ज करना है जबकि गरियाबंद जिला में कहीं पर भी इस प्रकार से कन्यशाला को मर्ज नहीं किया गया है मै शिक्षा विभाग से आग्रह करती हूँ यह फैसला वापस ले,नगर अध्यक्ष राजेंद्र सूर्यवंशी कहना है कि पहले से जब स्कूल में लगभग 400 बच्चे 6वी से लेकर 12वी तक अध्यनरत हैं उनको मर्ज करना नियमानुसार गलत हैं छुरा मे भी स्कूल नजदीक मे हैं उसको मर्ज नही किया गया हैं हमारे फिंगेश्वर मे बड़ी मेहनत से यंहा बुजुर्ग और नागरिकों ने कन्या साला कि मांग कर बनवाया था और बेटियां बिना किसी डर भाव से पढ़ रही हैं उन बच्चियों और फिंगेश्वर के जनमानस के विपरीत यह मर्ज किया जाना गलत है इसका विरोध हम बड़े रूप में भी करेंगे कल इस सम्बन्ध में सार्वजनिक मीटिंग करेंगे,
पूर्व नगर अध्यक्ष वंर्त्तमान पार्षद अनिल चंद्राकर ने भी कहा हैं कि हमारे फिंगेश्वर का बेटियों का आत्मसम्मान के रूप मे यह कन्या शाला यंहा है उसको इस प्रकार से हटाना गलत हैं नगर उपाध्यक्ष दीपक श्रीवास ने भी कँहा कि बेटियों के स्कूल क़ो हटाकर लड़को के स्कूल मे अचानक मर्ज करना गलत हैं कन्या साला स्कूल के छात्रों ने कहा हैं कि अगर फैसला वापस नही लिया जाता हैं तो हम आगे नही पढ़ाई करेंगे या टीसी निकाल कर दूसरे स्कूल जायेंगे पार्षद गण शांति कौशरे अभिषेक सोनी भी जनप्रतिनिधि नागरिकों ने इस फैसला क़ो वापस लेने कि अपील कि हैंआज के शाला समिति के बैठक में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, पालकगण समिति सदस्य उपस्थित थे

